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Commonwealth Games 2026: India secures fourth place with 39 medals; puts up a strong performance in boxing and athletics.
नई दिल्ली। ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का शानदार समापन हो गया। भारतीय खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए कुल 39 पदक अपने नाम किए और मेडल टैली में चौथा स्थान हासिल किया। भारत ने इस बार 13 स्वर्ण, 17 रजत और 9 कांस्य पदक जीते। मुक्केबाजी, एथलेटिक्स, वेटलिफ्टिंग, जूडो और पैरा खेलों में शानदार प्रदर्शन ने भारतीय अभियान को यादगार बना दिया।
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 की अंतिम पदक तालिका में ऑस्ट्रेलिया ने 70 स्वर्ण, 45 रजत और 56 कांस्य सहित कुल 171 पदकों के साथ शीर्ष स्थान हासिल किया। इंग्लैंड 29 स्वर्ण और कुल 110 पदकों के साथ दूसरे स्थान पर रहा, जबकि कनाडा 19 स्वर्ण सहित 62 पदकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा।
भारत और मेजबान स्कॉटलैंड दोनों ने 13-13 स्वर्ण और कुल 39-39 पदक जीते, लेकिन भारत के खाते में 17 रजत पदक होने के कारण वह स्कॉटलैंड से आगे रहकर चौथे स्थान पर रहा।
इस बार भारतीय दल की सबसे बड़ी सफलता बॉक्सिंग से मिली। भारतीय मुक्केबाजों ने रिकॉर्डतोड़ प्रदर्शन करते हुए 7 स्वर्ण और 3 रजत सहित कुल 10 पदक जीते। बॉक्सिंग में भारत का यह प्रदर्शन पूरे टूर्नामेंट की सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल रहा।
एथलेटिक्स और पैरा-एथलेटिक्स में भी भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। भारत ने इस खेल में 3 स्वर्ण, 7 रजत और 6 कांस्य सहित कुल 16 पदक जीतकर अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई। ट्रैक और फील्ड स्पर्धाओं में खिलाड़ियों ने कई यादगार प्रदर्शन किए।
वेटलिफ्टिंग में भारतीय खिलाड़ियों ने 1 स्वर्ण, 6 रजत और 1 कांस्य सहित कुल 8 पदक अपने नाम किए। वहीं जूडो में भारत ने 2 स्वर्ण, 1 रजत और 1 कांस्य जीतकर कुल 4 पदक हासिल किए। इन दोनों खेलों में भी भारतीय खिलाड़ियों ने लगातार शानदार प्रदर्शन किया।
पैरा पावरलिफ्टिंग में भारत को 1 कांस्य पदक मिला। यह पदक भारतीय पैरा खिलाड़ियों की मेहनत और संघर्ष का प्रतीक रहा।

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों ने कई खेलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश का गौरव बढ़ाया। विशेष रूप से बॉक्सिंग और एथलेटिक्स में मिली सफलता ने भारत की पदक संख्या को नई ऊंचाई तक पहुंचाया। कुल 39 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहना भारतीय खेलों के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।