

Copyright © 2026 rights reserved by Inkquest Media
अन्य समाचार

Entertainment How does a Bihari look like Kranti Prakash Jha spoke openly about breaking stereotypes expressed his bitter experience
मुंबई। अभिनेता क्रांति प्रकाश झा ने बिहार से जुड़े स्टीरियोटाइप्स और क्षेत्रीय पहचान को लेकर समाज में मौजूद धारणाओं पर खुलकर अपनी बात रखी है। 'एम.एस. धोनी: द अनटोल्ड स्टोरी', 'संकल्प' और लोकप्रिय क्राइम ड्रामा सीरीज 'रक्तांचल' से पहचान बनाने वाले अभिनेता ने कहा कि लोगों की सोच अक्सर किसी व्यक्ति को जाने बिना ही उसकी पहचान के आधार पर तय हो जाती है।
हाल ही में एक बातचीत के दौरान क्रांति प्रकाश झा ने बताया कि बिहार से होने की वजह से उन्हें कई बार पूर्वाग्रहों का सामना करना पड़ा है। उन्होंने कहा कि जैसे ही लोगों को पता चलता है कि वह बिहार से हैं, उनके व्यवहार में बदलाव आ जाता है।
क्रांति प्रकाश झा ने कहा, “दिक्कत हमारे साथ नहीं है, हमारी पहचान के साथ है। हम चाहे कहीं भी चले जाएं, कुछ भी कर लें, जैसे ही सामने वाले को पता चलता है कि आप बिहार से हैं, वह थोड़ा असभ्य हो जाता है। कई बार लोगों ने मुझसे कहा है कि तुम बिहारी जैसे नहीं लगते। मुझे आज तक समझ नहीं आया कि एक बिहारी कैसा दिखता है।”
अभिनेता की यह टिप्पणी क्षेत्रीय पहचान से जुड़े उन पूर्वाग्रहों की ओर इशारा करती है, जिनका सामना देश के कई हिस्सों के लोग आज भी करते हैं।
क्रांति के बयान ने सोशल मीडिया और मनोरंजन जगत में पहचान, संस्कृति और क्षेत्रीय विविधता को लेकर नई चर्चा छेड़ दी है। उनका मानना है कि किसी व्यक्ति का मूल्यांकन उसके राज्य, भाषा या पृष्ठभूमि के आधार पर नहीं बल्कि उसकी प्रतिभा और व्यक्तित्व के आधार पर होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि समाज को अब उन संकीर्ण धारणाओं से आगे बढ़ने की जरूरत है, जो पूरे समुदाय को एक तय छवि में बांध देती हैं।
क्रांति प्रकाश झा ने पिछले कुछ वर्षों में अपने अभिनय से अलग पहचान बनाई है। खासतौर पर 'रक्तांचल' में निभाए गए उनके किरदार को दर्शकों ने काफी सराहा। उनकी सादगी, प्रभावशाली स्क्रीन प्रेजेंस और वास्तविक जीवन से जुड़े पात्रों ने उन्हें दर्शकों के बीच लोकप्रिय बनाया है।
वर्क फ्रंट की बात करें तो क्रांति प्रकाश झा इन दिनों अपने बहुप्रतीक्षित प्रोजेक्ट Raktanchal के तीसरे सीजन की तैयारियों में व्यस्त हैं। लोकप्रिय क्राइम ड्रामा फ्रेंचाइजी में उनकी वापसी को लेकर फैंस के बीच काफी उत्साह है और दर्शक एक बार फिर उन्हें दमदार अंदाज में देखने का इंतजार कर रहे हैं।
क्रांति की बेबाक टिप्पणी ने न केवल क्षेत्रीय पहचान पर बहस को नया आयाम दिया है, बल्कि यह भी याद दिलाया है कि विविधताओं से भरे देश में रूढ़िवादी सोच को चुनौती देना आज भी उतना ही जरूरी है।