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SCO Summit: What did Pakistan hope to achieve by cropping Modi out of the photo? Uproar over the move by Shehbaz's team... forcing them to share the full picture.
नई दिल्ली। शंघाई सहयोग संगठन यानी SCO के बिश्केक शिखर सम्मेलन से जुड़ी एक तस्वीर ने पाकिस्तान की सोशल मीडिया रणनीति पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री कार्यालय ने SCO नेताओं की आधिकारिक ग्रुप फोटो का क्रॉप किया हुआ संस्करण सोशल मीडिया पर साझा किया, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कुछ अन्य नेताओं को फ्रेम से बाहर कर दिया गया। इस तरह की तस्वीर में शहबाज शरीफ बीच में प्रमुखता से नजर आए। मामले पर विवाद बढ़ने के बाद खुद शहबाज शरीफ ने बाद में पूरी तस्वीर साझा कर दी।
SCO सम्मेलन के दौरान सदस्य देशों के राष्ट्राध्यक्षों ने सामूहिक तस्वीर खिंचवाई थी। इस तस्वीर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ समेत अन्य नेता मौजूद थे।लेकिन पाकिस्तान PMO की ओर से साझा किए गए संस्करण में तस्वीर को दोनों तरफ से क्रॉप किया गया। इसके चलते मोदी और पेजेश्कियन सहित कई नेता तस्वीर से बाहर हो गए, जबकि शहबाज शरीफ फ्रेम के केंद्र में दिखाई देने लगे। प्रधानमंत्री मोदी ने दूसरी ओर अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से पूरी ग्रुप फोटो साझा की।
पाकिस्तान PMO की पोस्ट सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इसे लेकर सवाल उठने लगे। आलोचना के बीच शहबाज शरीफ के आधिकारिक हैंडल से बाद में वही पूरी तस्वीर साझा की गई, जिसमें सभी नेता दिखाई दे रहे थे। इससे पहले पाकिस्तान PMO द्वारा पोस्ट की गई तस्वीर में फ्रेम को इस तरह सीमित किया गया था कि शहबाज को अधिक प्रमुख स्थान मिलता दिखा।
बिश्केक में SCO सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग के साथ बातचीत भी चर्चा में रही। ग्रुप फोटो सेशन के आसपास तीनों नेताओं के बीच सहज बातचीत और अभिवादन के दृश्य सामने आए।इस दौरान मोदी और शहबाज शरीफ के बीच किसी बातचीत की तस्वीर या वीडियो सामने नहीं आया। सम्मेलन में मोदी ने आतंकवाद के खिलाफ कड़ा संदेश देते हुए कहा कि आतंकवाद को राज्य की नीति के औजार के रूप में इस्तेमाल करने वाले देशों के खिलाफ स्पष्ट संदेश जाना चाहिए। उन्होंने आतंकवाद की फंडिंग, भर्ती, कट्टरपंथ और सुरक्षित ठिकानों के पूरे नेटवर्क को खत्म करने की जरूरत पर जोर दिया।
SCO सम्मेलन के दौरान एक अन्य दृश्य ने भी सोशल मीडिया पर ध्यान खींचा। ग्रुप फोटो के बाद रूसी राष्ट्रपति पुतिन आगे बढ़ते नजर आए तो शहबाज शरीफ तेजी से उनकी ओर गए और उनसे बातचीत की। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ।बिश्केक सम्मेलन से सामने आई इन तस्वीरों और वीडियो ने भारत-पाकिस्तान के बीच जारी कूटनीतिक दूरी के साथ-साथ दोनों देशों के नेताओं की अंतरराष्ट्रीय मंच पर मौजूदगी को लेकर भी चर्चा तेज कर दी है।