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Under the SSR (Special Summary Revision), the names of new and previously left-out individuals will be added to the electoral rolls in 17 states, including UP and Bihar.
उत्तर प्रदेश और बिहार सहित 17 राज्यों में मतदाता सूची से बाहर हुए और नए मतदाताओं के नामों को मतदाता सूची में जोड़ने के लिए चुनाव आयोग ने एसएसआर यानि स्पेशल समरी रिवीजन करने का एलान किया है, जो मतदाता सूची को अपडेट रखने की चुनाव आयोग की सालाना गतिविधि का हिस्सा है। इस दौरान आयोग ने राज्यों से 2027 में मतदाता बनने की उम्र पूरी करने वाले नए मतदाताओं को उनकी कटऑफ तारीख के तहत फॉर्म-6 भरवाने के विशेष निर्देश दिए हैं।
मौजूदा समय में नए मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में जोड़ने के लिए चार कटऑफ तारीख तय की है, जो 1 जनवरी, 1 अप्रैल, 1 जुलाई और 1 अक्टूबर है। आयोग ने कहा है, कि कोई भी पात्र व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल होने से न छूटे। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए अभियान जारी रहेगा।
आयोग ने जिन 17 राज्यों में एसएसआर कराने का एलान किया है, उनमें उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब सहित वे सभी पांचों राज्य भी शामिल हैं, जहां 2027 की शुरुआत में ही विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। आयोग का कहना है, कि इस अभियान के तहत एक जनवरी 2027 तक 18 साल की उम्र पूरी करने वाले नए मतदाताओं के नाम भी जुड़ जाएंगे। आयोग ने मतदाता पंजीयन अधिकारियों यानि ईआरओ से कहा है, कि वे एक जुलाई और एक अक्टूबर को 18 साल की उम्र पूरी कर रहे युवाओं के भी फॉर्म-6 भरवाएं, ताकि जैसे ही उनका 18 साल पूरा हो उनके नाम मतदाता सूची में तुरंत जोड़े जा सकें।
इसके अलावा आयोग ने एसएसआर में शमिल सभी राज्यों के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारियों यानि सीईओ से कहा है, कि वे एसएसआर के दौरान जारी होने वाली ड्राफ्ट मतदाता सूची और अंतिम मतदाता सूची की हार्ड और सॉफ्ट कॉपी राजनीतिक दलों को उपलब्ध कराएं। इसके साथ ही चुनाव मैदान में उतरने वाले प्रत्याशियों के साथ भी इसे साझा किया जाए, ताकि किसी को सूची को लेकर कोई आपत्ति है, ते वह मतदान के दस दिन पहले तक उसे दर्ज कराकर ठीक करा सके।
आपको बता दें, कि आयोग ने यह कदम तब उठाया है, जब चुनाव में हारने के बाद प्रत्याशियों की ओर से मतदाता सूची से बड़ी संख्या में लोगों के नाम हटाए जाने का आरोप लगा है।
इस बीच केंद्रीय कपड़ा मंत्री गिरिराज सिंह ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर देश में भ्रम फैलाने और अशांति का माहौल बनाने का आरोप लगाया है। गुरुवार को बिहार के मधुबनी में प्रेसवार्ता में उन्होंने कहा, कि एसआइआर के नाम पर बांग्लादेशी और रोहिंग्या घुसपैठियों को देश में बसाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानि एसआइआर की प्रक्रिया पर सवाल उठाने वाले विपक्षी दलों को निशाने पर लेता हुए कहा, कि यदि यह प्रक्रिया और चुनाव गलत है, तो कर्नाटक, जम्मू-कश्मीर, तमिलनाडु, हिमाचल प्रदेश, केरल, तेलंगाना और झारखंड की सरकारों को भी इस पर सवाल उठाना चाहिए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, कि इन सरकारों को इस्तीफा दे देना चाहिए। गिरिराज ने कांग्रेस पर लोकतंत्र में विश्वास नहीं करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, कि देश की जनता कांग्रेस को नकार चुकी है। पिछले दिनों राघोपुर में हुए नाव हादसे में हुई लोगों की मौत का जिक्र करते हुए उन्होंने तेजस्वी यादव पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया, कि हादसे के वक्त तेजस्वी यादव दिल्ली में चाय पार्टी कर रहे थे।