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Major action following the theft incident involving offerings to Ram Lalla; preparations underway for administrative changes in the trust's management.
अयोध्या। श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट से जुड़े चढ़ावे में कथित चोरी के मामले के बाद प्रशासनिक स्तर पर बड़े बदलाव की सुगबुगाहट तेज हो गई है। जांच कर रही एसआइटी ने न केवल मामले की पड़ताल शुरू की है, बल्कि व्यवस्था सुधार के सुझाव भी देने की तैयारी में है।
सूत्रों के अनुसार केंद्र और राज्य सरकार ट्रस्ट की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता लाने के लिए मुख्य कार्यपालक अधिकारी यानी सीईओ की नियुक्ति पर विचार कर रही है। इस पद पर किसी अनुभवी सेवानिवृत्त प्रशासनिक अधिकारी को तैनात किए जाने की संभावना जताई जा रही है, ताकि वित्तीय प्रबंधन को अधिक मजबूत और पारदर्शी बनाया जा सके।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद 2020 में गठित 15 सदस्यीय ट्रस्ट में 12 मनोनीत और 3 पदेन सदस्य शामिल किए गए थे। वर्तमान में एक पद रिक्त है। इसी रिक्ति और प्रशासनिक ढांचे की समीक्षा के आधार पर नई व्यवस्था तैयार करने पर चर्चा चल रही है।
सरकारी स्तर पर देश के अन्य प्रमुख मंदिरों की व्यवस्थाओं का अध्ययन किया जा रहा है, जहां प्रशासनिक अधिकारियों की नियुक्ति पहले से लागू है। उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि दान, चढ़ावा और संपत्तियों के प्रबंधन में पूरी तरह वित्तीय पारदर्शिता और जवाबदेही बनी रहे।
एसआइटी ने मंदिर परिसर में कई वर्षों के वित्तीय रिकॉर्ड खंगाले हैं। अब तक करीब 60 कर्मचारियों से पूछताछ की जा चुकी है। जांच टीम ने उन कर्मचारियों से भी जानकारी ली है जो नकदी सुरक्षा, गिनती और बैंक तक जमा करने की प्रक्रिया से जुड़े रहे हैं। पूरी कार्रवाई की वीडियोग्राफी भी की जा रही है।
इसी बीच मथुरा में श्रीकृष्ण जन्मस्थान से जुड़े चढ़ावे को लेकर भी सवाल खड़े हुए हैं। श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष दिनेश शर्मा ने आरोप लगाया है कि चढ़ावे की गिनती के दौरान सीसीटीवी बंद कर दिए जाते हैं और गड़बड़ी की आशंका है। उन्होंने मुख्यमंत्री को खून से पत्र लिखकर सीबीआई जांच की मांग भी की है।
पूरे घटनाक्रम के बाद प्रशासनिक तंत्र अब मंदिरों के वित्तीय और चढ़ावा प्रबंधन को और अधिक सख्त और पारदर्शी बनाने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है। माना जा रहा है कि आने वाले समय में इस तरह की व्यवस्थाओं में बड़ा संरचनात्मक बदलाव देखने को मिल सकता है।