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CG News: Gulabvati Patel to receive payment after 14 years; RERA orders refund of ₹33.70 lakh, including interest.
रायपुर। सेजबहार स्थित वात्सल्य गौरव-2 परियोजना में भूखंड के लिए करीब 14 वर्ष पहले रकम लगाने वाली गुलाबवती पटेल को आखिरकार जमीन या मकान नहीं, बल्कि उनकी जमा राशि ब्याज समेत वापस मिलेगी। वर्ष 2012 में भूखंड बुक कराने के बाद उन्होंने वर्ष 2015 तक कुल 15.09 लाख रुपये का भुगतान कर दिया था। इसके बावजूद उन्हें न तो भूखंड मिला, न कब्जा और न ही विक्रय विलेख।
गुलाबवती पटेल ने वर्ष 2012 में परियोजना में भूखंड बुक कराया था। निर्धारित राशि का पूरा भुगतान अप्रैल 2015 तक कर दिया गया, लेकिन लंबे समय तक परियोजना से संबंधित प्रक्रिया पूरी नहीं हुई। संपत्ति नहीं मिलने और रकम फंसे रहने के बाद उन्होंने मामले को रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (रेरा) के समक्ष उठाया।
पीड़ित ने लंबे समय तक राशि का उपयोग नहीं कर पाने और करीब 14 वर्षों तक इंतजार करने के आधार पर 15 प्रतिशत ब्याज की मांग की थी। वहीं, बिल्डर की ओर से छह प्रतिशत ब्याज देने की बात कही गई।
रेरा ने दोनों पक्षों की ब्याज संबंधी मांगों को पूरी तरह स्वीकार नहीं किया। प्राधिकरण ने भारतीय स्टेट बैंक की ऋण संबंधी दर को आधार बनाते हुए 10.80 प्रतिशत वार्षिक ब्याज निर्धारित किया। इसके आधार पर अप्रैल 2015 से अगस्त 2026 तक की अवधि के लिए ब्याज की गणना की गई।
रेरा के आदेश के अनुसार गुलाबवती पटेल को 15,09,300 रुपये मूलधन और 18,60,956 रुपये ब्याज के रूप में दिए जाने हैं। इस तरह कुल 33,70,256 रुपये की राशि 30 दिन के भीतर वापस करने का आदेश दिया गया है।
लंबे इंतजार के बाद भी भूखंड या मकान नहीं मिलने के बावजूद अब पीड़ित को अपनी मूल राशि के साथ ब्याज की रकम वापस मिलेगी। रेरा के आदेश के बाद 2012 में शुरू हुआ यह मामला अब संपत्ति के आवंटन के बजाय 33.70 लाख रुपये की वापसी के रूप में समाप्त होने की ओर है।