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Delhi News: Traders' appeal to Rahul Gandhi; rally during the festive season could impact business worth ₹10,000 crore.
नई दिल्ली। दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को प्रस्तावित कांग्रेस की महारैली को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (CTI) ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को एक बार फिर पत्र लिखकर रैली का स्थान बदलने या उसे 10 नवंबर तक स्थगित करने की अपील की है। व्यापारियों का कहना है कि त्योहारों के दौरान रैली आयोजित होने से दिल्ली के प्रमुख बाजारों में करीब 10 हजार करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित हो सकता है।CTI ने इससे पहले भी 24 अक्टूबर को राहुल गांधी को पत्र लिखकर अपनी चिंता जाहिर की थी। व्यापारी संगठनों का कहना है कि त्योहारों के समय बाजारों में ग्राहकों की आवाजाही बढ़ जाती है। ऐसे में बड़े प्रदर्शन के कारण यातायात बाधित होने और कारोबार पर असर पड़ने की आशंका है।
CTI के मुताबिक, रैली के कारण चांदनी चौक, भागीरथ पैलेस, खारी बावली, सदर बाजार, चावड़ी बाजार, कनॉट प्लेस और करोल बाग समेत दिल्ली के 20 से अधिक प्रमुख बाजार प्रभावित हो सकते हैं।CTI के चेयरमैन बृजेश गोयल ने कहा कि रैली में 10 लाख लोगों के शामिल होने का दावा किया जा रहा है। इतनी बड़ी भीड़ के साथ 15 हजार से 20 हजार वाहनों की मौजूदगी से रैली स्थल के आसपास करीब 10 किलोमीटर के दायरे में जाम लगने की आशंका है।व्यापारियों का कहना है कि 31 अक्टूबर से ही बैरिकेडिंग और रास्तों पर प्रतिबंध लागू होने की स्थिति में ग्राहकों और दुकानदारों को परेशानी हो सकती है। इससे त्योहारों के दौरान होने वाली खरीदारी और माल की आवाजाही प्रभावित होने का डर है।
व्यापारी संगठनों ने कांग्रेस नेतृत्व से रैली को 10 नवंबर तक टालने का आग्रह किया है। यदि कार्यक्रम स्थगित करना संभव नही है, तो इसे बुराड़ी या जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित करने का सुझाव दिया गया है।CTI का कहना है कि उनकी अपील राजनीतिक गतिविधियों का विरोध करने के लिए नही, बल्कि त्योहारों के दौरान व्यापार और आम लोगों की आवाजाही को होने वाली संभावित परेशानी से बचाने के लिए है।
कांग्रेस की प्रस्तावित रैली को लेकर विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने भी बयान दिया है। संगठन के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने व्यापारियों की ओर से रैली स्थगित करने की मांग ठुकराए जाने पर कांग्रेस की आलोचना की। उन्होंने रैली को हिंदू समाज और हिंदू अर्थव्यवस्था के खिलाफ षड्यंत्र बताया।विहिप प्रवक्ता ने कांग्रेस और विपक्षी नेताओं को चेतावनी देते हुए कहा कि उन्हें इस तरह के कार्यक्रमों से बाज आना चाहिए। उनके बयान पर राजनीतिक विवाद बढ़ने की आशंका है।
इसी बीच, भाजपा की ओर से बुधवार को दिल्ली के चांदनी चौक में लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ पदयात्रा निकालने की योजना है। यह पदयात्रा भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के नेतृत्व में दोपहर 2 बजे प्रस्तावित है।कार्यक्रम में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा और पार्टी के अन्य पदाधिकारियों के शामिल होने की संभावना है। दिल्ली में एक ओर कांग्रेस की महारैली और दूसरी ओर भाजपा की पदयात्रा को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं।