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Meerut Saurabh murder case: Muskan Rastogi, who is in jail, gives birth to a daughter and names her Radha
BREAKING NEWS: मेरठ का चर्चित सौरभ हत्याकांड एक बार फिर चर्चा में आ गया है। इस हत्याकांड की मुख्य आरोपी मुस्कान रस्तोगी, जो कि मृतक सौरभ की पत्नी है, ने अस्पताल में बेटी को जन्म दिया है। मुस्कान और उसका प्रेमी साहिल पर आरोप है कि उन्होंने सौरभ की हत्या की, उसके शव के टुकड़े किए और उन्हें नीले ड्रम में डालकर सीमेंट से सील कर दिया। दोनों आरोपी वर्तमान में जेल में बंद हैं, और मुस्कान की प्रेगनेंसी के कारण उसे मेडिकल कॉलेज ले जाया गया था।
सूत्रों के अनुसार, मुस्कान को रविवार रात अस्पताल में भर्ती कराया गया था और सोमवार शाम 6 से 7 बजे के बीच उसने बच्ची को जन्म दिया। जन्म की पूरी प्रक्रिया सुरक्षा घेरे में हुई और आठ सदस्यीय पुलिस टीम लगातार निगरानी में तैनात रही। बताया जा रहा है कि मुस्कान ने अपनी बेटी का नाम राधा रखा है। बच्ची का वजन लगभग 2.4 किलो था और अस्पताल व जेल प्रशासन ने पुष्टि की कि माँ और बच्ची दोनों स्वस्थ हैं।
मुस्कान पर आरोप है कि उसने अपने प्रेमी साहिल के साथ मिलकर अपने पति सौरभ की हत्या की। पुलिस का दावा है कि यह हत्या प्रेम संबंधों के चलते हुई, क्योंकि सौरभ उनके रास्ते में बाधा बन गया था। हत्या के बाद शव को टुकड़ों में काटा गया और सीमेंट से भरे ड्रम में रखा गया। मुस्कान की गिरफ्तारी 18 मार्च 2025 को हुई थी। जेल प्रशासन ने उसकी प्रेगनेंसी की पुष्टि के बाद विशेष मेडिकल देखभाल और सुरक्षा सुनिश्चित की।
परिवार और समाज की प्रतिक्रिया भी मिली-जुली रही। मुस्कान की माँ ने कहा कि उनकी बेटी ने बड़ी गलती की है और उन्होंने मुस्कान और उसके बच्चे से दूरी बनाए रखी है। वहीं, मृतक सौरभ के भाई ने कहा है कि यदि बच्ची सच में सौरभ की है, तो वे उसे अपनाने पर विचार कर सकते हैं। कानूनी दृष्टिकोण से, मुस्कान की प्रेगनेंसी या बच्ची का जन्म उसकी सज़ा या मुकदमे की दिशा को पूरी तरह बदल नहीं सकता, लेकिन जेल में उसकी सुरक्षा और देखभाल पर असर डाल सकता है।
इस घटना ने पहले से ही संवेदनशील और विवादास्पद मामले को एक नया आयाम दे दिया है। अब अदालत, जेल प्रशासन और समाज को बच्ची के भविष्य, बाल संरक्षण और मुस्कान की कस्टडी‑कंडीशन जैसे सवालों का सामना करना होगा। यह मामला मानवता, न्याय और कानून के बीच संतुलन की चुनौती बन गया है।