

Copyright © 2026 rights reserved by Inkquest Media
अन्य समाचार

Rain havoc in North India: Six rivers in spate in Uttarakhand, Char Dham route disrupted; UP and Delhi also reeling from floods and traffic jams.
देहरादून। उत्तराखंड में लगातार हो रही मूसलधार बारिश ने जनजीवन को गंभीर रूप से प्रभावित कर दिया है। अलकनंदा, मंदाकिनी, भागीरथी समेत छह नदियां खतरे के स्तर पर बह रही हैं। हरिद्वार और ऋषिकेश में गंगा का जलस्तर बढ़ने से कई घाट और मंदिर जलमग्न हो गए हैं। रुद्रप्रयाग में स्कूल बंद कर दिए गए हैं, जबकि राज्यभर में 132 सड़कें प्रभावित हैं।
बारिश और भूस्खलन के चलते बदरीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग कई स्थानों पर मलबा आने से बंद हो गए हैं। बदरीनाथ हाईवे कालेश्वर, गंगोत्री हाईवे हेलगुगाड़, नालूपानी और गंगनानी, जबकि यमुनोत्री हाईवे दुर्बिल और स्यानाचट्टी के पास अवरुद्ध है। प्रशासन मार्ग खोलने के लिए लगातार मशीनों की मदद से मलबा हटाने में जुटा है। हालांकि शुक्रवार को केदारनाथ राजमार्ग सुचारू रहा।
रुद्रप्रयाग जिले में लगातार वर्षा के कारण अलकनंदा और मंदाकिनी नदियों का जलस्तर चेतावनी स्तर से ऊपर पहुंच गया है। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र ने लोगों से नदी किनारों से दूर रहने और अनावश्यक आवाजाही से बचने की अपील की है। प्रशासन लाउडस्पीकर के माध्यम से लोगों को सतर्क कर रहा है।
कोटद्वार में पूरी रात रुक-रुक कर हुई बारिश से बुवाखाल-रामनगर राष्ट्रीय राजमार्ग मलबा आने के कारण बंद हो गया। सतपुली-गुमखाल मार्ग पर भी भूस्खलन हुआ, जिसे मशीनों से साफ किया जा रहा है। कई संपर्क मार्ग बंद हैं और कुछ गांवों में बिजली आपूर्ति बाधित है। पौड़ी जिले में नौ मोटर मार्ग बंद हैं, जबकि जलापूर्ति और विद्युत व्यवस्था भी प्रभावित हुई है।
मौसम विभाग ने देहरादून, चमोली और बागेश्वर जिलों में भारी बारिश को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। पर्वतीय क्षेत्रों में बिजली और पेयजल लाइनों को नुकसान पहुंचा है। प्रशासन ने चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं से मौसम की जानकारी लेने के बाद ही यात्रा करने की अपील की है।
उत्तर प्रदेश में भी लगातार बारिश के कारण गंगा और सरयू नदियां उफान पर हैं। फर्रुखाबाद में गंगा खतरे के निशान के करीब पहुंच गई है, जिससे 33 गांव और 40 सरकारी स्कूल बाढ़ की चपेट में आ गए हैं। वहीं बलिया जिले में पिछले एक सप्ताह के दौरान सरयू नदी के कटाव से 27 घर नदी में समा चुके हैं।
दिल्ली-एनसीआर में गुरुवार को हुई तेज बारिश से कई इलाकों में जलभराव हो गया। दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे समेत प्रमुख सड़कों पर लंबा जाम लग गया। द्वारका सेक्टर-25 में तेज बारिश के दौरान एक युवक खुले नाले में गिरकर तेज बहाव में बह गया। करीब सात घंटे तक चले रेस्क्यू अभियान के बावजूद उसका कोई सुराग नहीं मिल सका।
बारिश और बाढ़ की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से नदी किनारों, भूस्खलन संभावित क्षेत्रों और जलभराव वाले इलाकों से दूर रहने की अपील की है। साथ ही यात्रियों और स्थानीय लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।