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Ram Mandir donation theft: Accused invested stolen money in the stock market; police take action against 30 accounts.
अयोध्या। राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण की जांच में लगातार नए खुलासे हो रहे हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपित चोरी की गई रकम का एक हिस्सा शेयर मार्केट में निवेश करते थे। धन के स्रोत को छिपाने के लिए वे रिश्तेदारों और परिचितों के बैंक खातों में पैसे जमा कराकर उन्हें आगे ट्रांसफर कराते थे। इस मामले में पुलिस ने करीब 30 परिचितों के बैंक खातों को संबंधित बैंकों के माध्यम से तत्काल फ्रीज करा दिया है, जिनमें चोरी की रकम स्थानांतरित किए जाने के साक्ष्य मिले हैं।
करीब 40 घंटे की पुलिस रिमांड पूरी होने के बाद गुरुवार देर शाम पुलिस ने अनुकल्प मिश्र, लवकुश मिश्र और करुणेश पांडेय को न्यायालय में पेश कर दोबारा जेल भेज दिया। वहीं, अनुकल्प के पिता रवींद्र मिश्र, चाचा रामेंद्र मिश्र और सराफा कारोबारी विजय कौशल पुलिस हिरासत में हैं, जिनसे लगातार पूछताछ की जा रही है।
पुलिस ने रिमांड के दौरान आरोपितों की निशानदेही पर एक स्विफ्ट डिजायर कार, एक लाख रुपये से अधिक की नकदी, सोने की चेन और टप्स बरामद किए हैं। जांच में सामने आया कि ये सभी सामान चोरी की रकम से खरीदे गए थे। पुलिस ने उस बाग का भी सत्यापन कराया, जहां आरोपित आपस में चोरी की रकम का बंटवारा करते थे।
पुलिस ने अयोध्या और रुदौली स्थित लवकुश मिश्र के घर से भी नकदी बरामद की। कुछ रकम आरोपितों के परिचितों ने भी पुलिस को वापस की है। लवकुश द्वारा छिपाए गए 40 से 50 हजार रुपये और उसकी पत्नी सुप्रिया के पास से सोने के दो टप्स मिले हैं। अनुकल्प की निशानदेही पर 50 से 60 हजार रुपये, एक सोने की चेन और एक कार बरामद हुई, जिसे रामजन्मभूमि थाने में रखा गया है। वहीं, करुणेश पांडेय के नाका स्थित गांधी आश्रम वाले कमरे से 10 से 20 हजार रुपये बरामद हुए, हालांकि उसके पास से कोई आभूषण नहीं मिला।
सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में अनुकल्प मिश्र ने स्वीकार किया है कि वह अविनाश शुक्ल के साथ मिलकर चोरी की रकम शेयर मार्केट में निवेश करता था, ताकि किसी को धन के स्रोत पर संदेह न हो। पुलिस को इससे जुड़े कुछ दस्तावेज भी मिले हैं, जिनकी जांच की जा रही है।
जांच एजेंसियां सराफा कारोबारी विजय कौशल की भूमिका की भी पड़ताल कर रही हैं। आरोप है कि चोरी के सोने के आभूषणों को गलाने में उसकी भूमिका रही। सूत्रों के मुताबिक, इनायतनगर बाजार स्थित उसकी दुकान पिछले तीन दिनों से बंद है, जिससे पुलिस की जांच और तेज हो गई है।