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Wrestling controversy escalates again, Vinesh Phogat makes a major allegation, bringing politics and sports head-to-head over the tournament.
नई दिल्ली। देश में कुश्ती खेल एक बार फिर विवादों के केंद्र में आ गया है। इस बार मामला यूपी के गोंडा में 10 से 12 मई तक प्रस्तावित सीनियर ओपन रैंकिंग कुश्ती प्रतियोगिता को लेकर गरमाया हुआ है।मशहूर पहलवान विनेश फोगाट ने इस टूर्नामेंट पर आपत्ति जताते हुए न सिर्फ आयोजन की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं, बल्कि एक बड़ा खुलासा भी किया है।
विनेश का बड़ा दावा, यौन शोषण पीड़ितों में मैं भी शामिल थी
विनेश फोगाट ने सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो में कहा है कि कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ यौन शोषण की शिकायत करने वाली छह पीड़ित महिला पहलवानों में वह भी शामिल थीं।उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार पीड़ितों की पहचान सार्वजनिक नहीं की जानी चाहिए, लेकिन कुछ परिस्थितियों में उन्हें सामने आना पड़ा।विनेश के इस बयान ने खेल जगत में नई बहस को जन्म दे दिया है।
टूर्नामेंट को लेकर आपत्ति, निष्पक्ष माहौल पर सवाल
विनेश ने गोंडा में होने वाले टूर्नामेंट पर सवाल उठाते हुए कहा कि वहां निष्पक्ष वातावरण को लेकर भरोसा नहीं है। उन्होंने आशंका जताई कि आयोजन और रेफरी चयन पर प्रभाव डाला जा सकता है।उनका कहना है कि यदि किसी तरह की गड़बड़ी होती है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
कुश्ती संघ का पलटवार, आरोपों को बताया बेबुनियाद
इस पूरे मामले पर भारतीय कुश्ती संघ के कोषाध्यक्ष एसपी देशवाल ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि विनेश के अलावा किसी अन्य पहलवान को आयोजन पर कोई आपत्ति नहीं है।उन्होंने आरोप लगाया कि विनेश का उद्देश्य खेल से अधिक विवाद पैदा करना है। देशवाल के अनुसार टूर्नामेंट के लिए 1500 से अधिक आवेदन आ चुके हैं और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से हो रही है।
पुराना मामला फिर चर्चा में, कोर्ट में जारी है सुनवाई
यह मामला नया नहीं है। इससे पहले भी 2023 में विनेश फोगाट सहित कई पहलवानों ने बृजभूषण शरण सिंह पर यौन शोषण के गंभीर आरोप लगाए थे।उसके बाद मामला अदालत तक पहुंचा और अब भी इस पर नियमित सुनवाई जारी है। अगली सुनवाई मंगलवार को तय है।
खेल और विवाद के बीच फंसी कुश्ती, बढ़ा तनाव
कुश्ती संघ और खिलाड़ियों के बीच जारी यह टकराव अब केवल खेल तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह प्रशासन, न्याय और खेल व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रहा है।विनेश फोगाट के ताजा बयान ने एक बार फिर पूरे कुश्ती विवाद को राष्ट्रीय बहस के केंद्र में ला दिया है।