

Copyright © 2026 rights reserved by Inkquest Media
अन्य समाचार

Chhattisgarh: Illegal opium cultivation busted in Balrampur, four tractors of plants and 1800 grams of latex seized
अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में बलरामपुर अफीम खेती मामला सामने आने के बाद प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। अंबिकापुर संभाग के ग्राम कुसमी में अवैध रूप से उगाई जा रही अफीम की फसल पर छापा मारते हुए अधिकारियों ने चार ट्रैक्टर भर अफीम के पौधे और 1,800 ग्राम लेटेक्स जब्त किया है। इस मामले में सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
गिरफ्तार लोगों में भूमि स्वामी रूपदेव और कोसिल के साथ पांच स्थानीय मजदूर शामिल हैं। प्रशासन के अनुसार यह कार्रवाई बुधवार को की गई, जिसमें अफीम की पूरी फसल को उखाड़कर जब्त कर लिया गया।
पेड़ पर छिपाकर रखा गया था लेटेक्स
जांच के दौरान अधिकारियों को एक साल के पेड़ पर छिपाए गए दो डिब्बे भी मिले। इन डिब्बों में करीब 1,800 ग्राम लेटेक्स रखा हुआ था, जो अफीम से निकलने वाला सफेद और गाढ़ा दूध जैसा पदार्थ होता है।
कार्रवाई के समय कलेक्टर राजेंद्र कटारा और पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर भी मौजूद थे। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो और विधि विज्ञान विभाग की टीम ने पूरे मामले की जांच की। न्यायिक मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी भी कराई गई।
अफीम खेती को लेकर सियासत भी तेज
इस बलरामपुर अफीम खेती मामला को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दावा किया कि जिले के करौंधा थाना क्षेत्र के खजूरी गांव में भी अफीम की खेती हो रही है। हालांकि पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर ने कहा कि अभी तक इस दावे की पुष्टि नहीं हुई है।
वहीं पूर्व विधायक डॉ. प्रीतम राम ने प्रशासन से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
जमीन कब्जे के आरोप भी सामने आए
दूसरी ओर, दुर्ग जिले के ग्राम समोदा में अवैध अफीम खेती मामले में गिरफ्तार भाजपा नेता विनायक ताम्रकार पर जमीन कब्जाने का आरोप भी लगा है। सरपंच अरुण गौतम का कहना है कि वर्ष 1954 में उनके परिवार के नाम 242 एकड़ जमीन थी, जो अब बढ़कर करीब 100 एकड़ और हो गई है।