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Chhattisgarh Weather: Weather will change in Chhattisgarh, alert of rain and strong winds in many districts
रायपुर। छत्तीसगढ़ में एक बार फिर मौसम का मिजाज बदलने वाला है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में गुरुवार को हल्की से मध्यम बारिश, गरज-चमक, वज्रपात और तेज हवाएं चलने की संभावना जताई है। विभाग के अनुसार आज से प्रदेशभर में मेघगर्जन और बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने के संकेत हैं, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है।
मौसम विज्ञान केंद्र रायपुर के मुताबिक प्रदेश के एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और 50 से 60 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
भारतीय मौसम विभाग की जिला स्तरीय नाउकास्ट चेतावनी के अनुसार सुकमा, बीजापुर, दंतेवाड़ा, बस्तर, कोंडागांव, गरियाबंद, महासमुंद, रायपुर, बलौदाबाजार, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर, कोरबा, जशपुर, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, बेमेतरा, मुंगेली, सरगुजा, सूरजपुर, कोरिया और बलरामपुर जिलों के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश होने की संभावना है। यह चेतावनी गुरुवार सुबह 10:13 बजे तक प्रभावी रहेगी।
पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के एक-दो स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई। सबसे अधिक 3 सेंटीमीटर बारिश दंतेवाड़ा जिले के कुआकोंडा में रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा कोरबा और पेंड्रा रोड में 2-2 सेंटीमीटर बारिश हुई। वहीं पथरिया, मैनपाट, भैसमा, कांसाबेल, कटघोरा, पेंड्रा और सूरजपुर में 1-1 सेंटीमीटर वर्षा दर्ज की गई।
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस राजनांदगांव में रिकॉर्ड किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस पेंड्रा रोड में दर्ज हुआ। राजधानी रायपुर का अधिकतम तापमान 40.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
राजधानी रायपुर के लिए जारी पूर्वानुमान के मुताबिक 4 जून को आसमान आंशिक रूप से मेघमय रहेगा। शहर में बारिश, गरज-चमक और अंधड़ चलने की संभावना है। रायपुर में अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
मौसम विभाग ने किसानों और आम नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विभाग के अनुसार खुले में रखी कटी हुई फसलों को बारिश और तेज हवाओं से नुकसान पहुंच सकता है। लोगों से बारिश के दौरान वाहन सावधानीपूर्वक चलाने, पेड़ों के नीचे शरण न लेने और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की गई है। साथ ही किसानों को वर्षा के दौरान उर्वरक और कीटनाशकों के उपयोग से बचने की सलाह दी गई है।