

Copyright © 2026 rights reserved by Inkquest Media
अन्य समाचार

Kerala's name is now 'Keralaam': Union Cabinet approves, first important meeting held at Seva Tirtha
नई दिल्ली। भारत के दक्षिणी राज्य केरल का नाम आधिकारिक रूप से बदलकर अब ‘केरलम’ कर दिया गया है। मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। बैठक नए पीएमओ परिसर ‘सेवा तीर्थ’ में आयोजित की गई।
इस निर्णय के साथ ही राज्य का आधिकारिक नाम अब ‘केरलम’ होगा। यह कदम आगामी अप्रैल–मई में प्रस्तावित विधानसभा चुनावों से पहले उठाया गया है।
विधानसभा ने सर्वसम्मति से पारित किया था प्रस्ताव
राज्य की विधानसभा ने 24 जून 2024 को सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार से राज्य का नाम ‘केरल’ से बदलकर ‘केरलम’ करने का आग्रह किया था। इससे पहले अगस्त 2023 में भी ऐसा प्रस्ताव पारित किया गया था, लेकिन केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कुछ तकनीकी संशोधनों की सलाह दी थी। संशोधित प्रस्ताव दोबारा पारित कर भेजा गया, जिसे अब केंद्र की मंजूरी मिल गई है।
यह प्रस्ताव मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन की पहल पर लाया गया था। उनका तर्क था कि ‘केरलम’ राज्य का मूल और स्थानीय उच्चारण है, जो उसकी सांस्कृतिक पहचान और भाषाई विरासत को बेहतर ढंग से प्रतिबिंबित करता है। उन्होंने संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल सभी भाषाओं में नाम परिवर्तन की मांग की थी।
अन्य अहम फैसलों को भी मंजूरी
बैठक के बाद केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने जानकारी दी कि नाम परिवर्तन के साथ ही 12 हजार करोड़ रुपये से अधिक के विभिन्न प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई है। इनमें अहमदाबाद मेट्रो विस्तार, रेलवे लाइनों का दोहरीकरण और जूट के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में वृद्धि जैसे निर्णय शामिल हैं।
‘सेवा तीर्थ’ में पहली कैबिनेट बैठक
यह कैबिनेट बैठक नए पीएमओ परिसर ‘सेवा तीर्थ’ में आयोजित की गई। इससे पहले प्रधानमंत्री कार्यालय 1947 से साउथ ब्लॉक में स्थित था, जो करीब 78 वर्षों तक देश की सत्ता का प्रमुख केंद्र रहा।
‘सेवा तीर्थ’ नई दिल्ली के दारा शिकोह रोड पर स्थित है। पहले इसे ‘एग्जीक्यूटिव एन्क्लेव’ नाम दिया गया था, जिसे 2 दिसंबर 2025 को बदलकर सेवा तीर्थ कर दिया गया। लगभग 2.26 लाख वर्ग फीट में फैले इस परिसर का निर्माण Larsen & Toubro ने ₹1189 करोड़ की लागत से किया है।
नए पीएमओ परिसर के पास ही प्रधानमंत्री का नया आवास भी निर्माणाधीन है। इसके पूरा होने के बाद प्रधानमंत्री वर्तमान आवास 7, लोक कल्याण मार्ग से नए परिसर में शिफ्ट होंगे, हालांकि इसकी तारीख अभी घोषित नहीं की गई है।