

Copyright © 2026 rights reserved by Inkquest Media
अन्य समाचार

Ketan Agarwal Murder Case: Investigation takes a new turn with Siya Goyal's alleged Snapchat chats; 'the wedding that was never going to happen' raises questions.
पुणे। पुणे के चर्चित रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड की जांच में एक नया मोड़ सामने आया है। जांच एजेंसियों को मुख्य आरोपी सिया गोयल और उसकी एक सहेली के बीच हुई कथित स्नैपचैट चैट मिली है, जिसने पूरे मामले में साजिश की आशंका को और गहरा कर दिया है। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल इस चैट की प्रामाणिकता और हत्या से इसके सीधे संबंध की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
जांच के दौरान सामने आए कथित स्क्रीनशॉट के अनुसार, 24 से 26 मई के बीच सिया गोयल ने अपनी सहेली से फ्लाइट टिकट बुक कराने के लिए आधार कार्ड की फोटो मांगी थी। चैट में उसने कथित तौर पर लिखा, "आधार कार्ड की फोटो आगे और पीछे की भेज दे... उस शादी की टिकटों के लिए जो कभी होने ही नहीं वाली, पर फिर भी भेज दे।" इसके जवाब में सहेली ने लिखा कि उसने दस्तावेज व्हाट्सऐप पर भेज दिए हैं।

पुलिस अब इस संदेश की गहराई से जांच कर रही है। जांचकर्ताओं का मानना है कि "जो शादी कभी होने ही नहीं वाली" जैसी टिप्पणी यह संकेत दे सकती है कि शादी का कार्यक्रम केवल एक बहाना था या फिर किसी बड़ी योजना का हिस्सा।
जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि क्या शादी की तैयारियों और फ्लाइट टिकट बुकिंग का उद्देश्य केवल आसपास के लोगों और केतन अग्रवाल को भ्रमित करना था। पुलिस इस एंगल से भी जांच कर रही है कि कहीं यह पूरा घटनाक्रम पहले से बनाई गई किसी सुनियोजित साजिश का हिस्सा तो नहीं था।
पुलिस फिलहाल कथित स्नैपचैट चैट के डिजिटल फुटप्रिंट्स, मेटाडाटा और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की फोरेंसिक जांच करा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने तक किसी भी चैट या स्क्रीनशॉट को अंतिम और निर्णायक सबूत नहीं माना जा सकता।
इस बीच मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए पुलिस अब सिया गोयल का पॉलीग्राफी (लाई डिटेक्टर) टेस्ट कराने की तैयारी कर रही है। सिया के वकील विपुल दुशिंग ने पुष्टि की है कि उनकी मुवक्किल ने इस वैज्ञानिक परीक्षण के लिए लिखित सहमति दे दी है। कानून के अनुसार आरोपी की सहमति के बिना पॉलीग्राफी टेस्ट नहीं कराया जा सकता।
लोनावला ग्रामीण पुलिस को सहमति पत्र सौंप दिया गया है। अब पुणे ग्रामीण पुलिस अदालत से औपचारिक अनुमति मांगेगी। कोर्ट की मंजूरी मिलने के बाद सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी का पॉलीग्राफी टेस्ट कराया जाएगा, जिससे जांच एजेंसियों को मामले की कड़ियां जोड़ने में मदद मिलने की उम्मीद है।
पुलिस ने फिलहाल किसी भी कथित चैट को हत्या का निर्णायक सबूत मानने से इनकार किया है। अधिकारियों का कहना है कि सभी डिजिटल साक्ष्यों की वैज्ञानिक जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा। ऐसे में इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड में आने वाले दिनों में और महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना बनी हुई है।