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Large consignment of narcotic pills seized in Raipur; man arrested with 2,100 tablets worth ₹8.40 lakh
रायपुर। नशीली दवाओं की अवैध बिक्री के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 2,100 नाइट्राजेपम टैबलेट के साथ 30 वर्षीय युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, जब्त गोलियों की कीमत करीब 8.40 लाख रुपये है। आरोपी महादेवघाट विसर्जन कुंड के पास कथित तौर पर गोलियां बेचने के लिए ग्राहक तलाश रहा था। पूछताछ में उसने टैबलेट ओडिशा से लाने की बात कही है।पुलिस को आरोपी के पास इन गोलियों को रखने और बेचने से संबंधित वैध दस्तावेज नहीं मिले। इसके बाद डीडी नगर थाने में उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
पुलिस के अनुसार, सूचना मिली थी कि महादेवघाट विसर्जन कुंड के पास एक व्यक्ति प्रतिबंधित नशीली टैबलेट बेचने के लिए ग्राहकों की तलाश कर रहा है। इसके बाद एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट, एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और डीडी नगर पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और संदिग्ध को हिरासत में ले लिया।पूछताछ में युवक ने अपना नाम मोहम्मद असजद (30) बताया। वह रायपुर के डंगनिया क्षेत्र स्थित शांति विहार कॉलोनी का निवासी है। पुलिस ने उसके बैग की तलाशी ली तो उसमें नाइट्राजेपम की 2,100 टैबलेट मिलीं। पुलिस ने इनकी अनुमानित कीमत 8.40 लाख रुपये बताई है।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर डीडी नगर थाने में अपराध क्रमांक 670/26 के तहत मामला दर्ज किया है। उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 22(C) के तहत कार्रवाई की गई है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि नशीली टैबलेट कहां से खरीदी गई थीं, उन्हें रायपुर तक कैसे पहुंचाया गया और आगे किन लोगों को बेचा जाना था। आरोपी से पूछताछ के आधार पर सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में दूसरे लोगों की संलिप्तता सामने आने पर उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस के मुताबिक, रायपुर कमिश्नरेट में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स अब तक एनडीपीएस एक्ट के 94 मामलों में 207 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी हैं।इन कार्रवाइयों के दौरान गांजा, प्रतिबंधित नशीली टैबलेट, एमडीएमए, कोकीन, प्रतिबंधित सिरप, हेरोइन, ब्राउन शुगर और अफीम समेत अन्य सामग्री जब्त की गई है। पुलिस के अनुसार, जब्त सामग्री और अन्य संपत्तियों का कुल मूल्य 7.19 करोड़ रुपये से अधिक है।