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Major police crackdown in Korba: Air travel to Delhi funded by a victim's money; 8 personnel, including the Station House Officer (SHO), suspended.
कोरबा। धोखाधड़ी के एक मामले में आरोपित की गिरफ्तारी के लिए दिल्ली गई कटघोरा पुलिस की टीम पर विभागीय निर्देशों की अनदेखी कर हवाई यात्रा करने और विमान टिकट का खर्च मामले के पीड़ित से लेने का आरोप सामने आया है। शिकायत की जांच में यात्रा प्रक्रिया के उल्लंघन और वित्तीय अनियमितता की पुष्टि होने के बाद बिलासपुर रेंज के आइजी रामगोपाल गर्ग ने कटघोरा थाना प्रभारी निरीक्षक मोती पटेल समेत आठ पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
कटघोरा पुलिस की टीम को धोखाधड़ी के एक मामले में आरोपित की गिरफ्तारी के लिए दिल्ली भेजा गया था। आरोप है कि टीम ने विभागीय दिशा-निर्देशों के अनुरूप यात्रा प्रक्रिया का पालन नहीं किया और दिल्ली जाने के लिए हवाई यात्रा का सहारा लिया। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि विमान के टिकट का खर्च पुलिसकर्मियों ने मामले के पीड़ित से लिया था।
मामले की शिकायत के बाद पुलिस विभाग ने यात्रा से जुड़े दस्तावेजों और खर्च की जांच कराई। जांच में विभागीय यात्रा प्रक्रिया के उल्लंघन के साथ वित्तीय अनियमितता की पुष्टि हुई। इसके बाद आइजी रामगोपाल गर्ग ने कार्रवाई करते हुए टीम में शामिल आठ पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया।
कोरबा निवासी ऑटोमोबाइल कारोबारी गौरव मोदी का परिवार कृष्णा जेसीबी के नाम से कोरबा, बिलासपुर समेत पांच स्थानों पर जेसीबी की डीलरशिप संचालित करता था। कारोबार में करीब 50 करोड़ रुपये के निवेश की जानकारी सामने आई है। बाद में जेसीबी कंपनी की ओर से विभिन्न स्थानों की डीलरशिप समाप्त कर दी गई।
इसके बाद कारोबारी पक्ष की ओर से धोखाधड़ी की प्राथमिकी दर्ज कराई गई। इसी प्रकरण में एक आरोपित की गिरफ्तारी के लिए कटघोरा पुलिस की टीम को दिल्ली भेजा गया था।
निलंबित पुलिसकर्मियों में कटघोरा थाना प्रभारी निरीक्षक मोती पटेल, उप निरीक्षक राम पाण्डेय, प्रधान आरक्षक गुनाराम सिन्हा, गोपाल यादव और राजेश कंवर तथा आरक्षक प्रदीप राठौर, सुशील यादव और प्रशांत सिंह शामिल हैं।
इनमें प्रदीप राठौर कटघोरा थाना, सुशील यादव 1 साइबर सेल और प्रशांत सिंह रक्षित केंद्र कोरबा में पदस्थ थे।
पुलिस टीम की दिल्ली यात्रा से जुड़े मामले में विभागीय प्रक्रिया और वित्तीय नियमों के उल्लंघन की पुष्टि के बाद की गई इस कार्रवाई को पुलिस विभाग में गंभीरता से देखा जा रहा है। आइजी के आदेश के बाद सभी आठ पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।