

Copyright © 2026 rights reserved by Inkquest Media
अन्य समाचार

Textile sector in Chhattisgarh set for a boost... Government prepares special plan for major investment and employment.
नई दिल्ली/रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह से मुलाकात कर छत्तीसगढ़ में टेक्सटाइल और अपैरल उद्योग के विस्तार को लेकर महत्वपूर्ण चर्चा की। बैठक में निवेश आकर्षित करने, आधुनिक तकनीक अपनाने, कौशल विकास बढ़ाने और बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर तैयार करने पर जोर रहा।
छत्तीसगढ़ की औद्योगिक विकास नीति 2024-30 में टेक्सटाइल क्षेत्र को थ्रस्ट सेक्टर के रूप में शामिल किया गया है। इसके तहत उद्योगों को निवेश प्रोत्साहन और विभिन्न अनुदान देने का प्रावधान है। खासतौर पर ऐसी औद्योगिक इकाइयों को अतिरिक्त प्रोत्साहन देने पर जोर है, जिनसे एक हजार से अधिक लोगों को रोजगार मिलता है।राज्य सरकार श्रम आधारित टेक्सटाइल और अपैरल उद्योगों के विस्तार के जरिए स्थानीय युवाओं और महिलाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार पैदा करना चाहती है। इसी दिशा में नवा रायपुर अटल नगर में नई टेक्सटाइल इकाइयों की स्थापना को बढ़ावा दिया जा रहा है।
सरकार की योजना केवल उत्पादन इकाइयां स्थापित करने तक सीमित नहीं है। नवा रायपुर में टेक्सटाइल उद्योग के साथ डिजाइन, तकनीकी प्रशिक्षण, कौशल विकास और बाजार से जुड़ी सुविधाओं को एक साथ विकसित करने की तैयारी है। इससे उद्योगों को बेहतर सपोर्ट सिस्टम मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर नए उद्यम और सहायक कारोबार भी विकसित हो सकते हैं।
मुख्यमंत्री ने चांपा और आसपास के क्षेत्रों की पारंपरिक कोसा सिल्क कला को आधुनिक डिजाइन, तकनीक, ब्रांडिंग और बड़े बाजार से जोड़ने की जरूरत बताई। इससे पारंपरिक बुनकरों और शिल्पकारों के उत्पादों को राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचाने की संभावनाएं बढ़ सकती हैं।
छत्तीसगढ़ में NIFT की स्थापना का प्रस्ताव भी इस रणनीति का अहम हिस्सा है। इसके जरिए युवाओं को फैशन डिजाइन और टेक्सटाइल टेक्नोलॉजी से जुड़ी शिक्षा और प्रशिक्षण मिलने की उम्मीद है। साथ ही बुनकरों, शिल्पकारों और स्थानीय उद्यमियों को नए डिजाइन और तकनीकी नवाचार से जोड़ने में मदद मिल सकती है।
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने छत्तीसगढ़ में टेक्सटाइल क्षेत्र की संभावनाओं को देखते हुए केंद्र सरकार की ओर से सहयोग का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि राज्य में उपलब्ध संसाधन, निवेश के अनुकूल नीतियां और रोजगार आधारित प्रोत्साहन इस क्षेत्र के विस्तार के लिए मजबूत आधार तैयार करते हैं। केंद्र की ओर से आधुनिक तकनीक, नवाचार और कौशल विकास से जुड़ी पहल में सहयोग दिया जाएगा।